Friday, April 23, 2021

बंगाल में चुनाव से पहले ही ओवैसी के साथ हो गया खेल, पलटी मार गये सिद्दीकी!

पीरजादा सिद्दीकी बंगाल के हुगली जिले के फुरफुरा शरीफ दरगाह के प्रमुख हैं, बंगाल में वो बेहद लोकप्रिय हैं, एक बार सिद्दीकी ने कहा था कि वो असदुद्दीन ओवैसी के फैन हैं।

उत्तर 24 परगना जिला के राजहाट इलाके में एक 45 साल के हुजाईफा अपने घर के कोने में बैठे थे, मिट्टी के घर में रहने वाले हुजाईफा थोड़े थके नजर आ रहे थे, वो झाड़ू बांधने का काम करते हैं, वो जुमे के पहले अपना सारा काम खत्म करना चाहते हैं, जिससे कि वो थोड़ा अतिरिक्त कमाई कर सके, वैसे उनका पेशा मछली पकड़ना है, हालांकि वो हैंडिक्राफ्ट का भी अच्छा काम करते हैं, लिहाजा इन पैसों से वो अपने दो बेटियों तथा तीन बेटों का ठीक-ठाक तरीके से देखभाल कर लेते हैं, हुजाईफा की पत्नी खादिंगा बीड़ी बनाने का काम करती हैं।

शाम में बात करुंगा
बिखरे हुए झाड़ू से कुछ मीटर की दूरी पर हुजाईफा के बड़े बेटे इमरान एक दूसरी मशीन पर काम कर रहे थे, जिसकी आवाज से चारों ओर शोर था, इस बीच हुजाइफा के दोस्त शमशाद हुसैन का कॉल आता है, फोन पर हुजाईफा कहते हैं आप चिंता ना करें, मैं भाईजान का समर्थन करूंगा, मैं आपसे शाम को बात करुंगा, अभी थोड़ा काम में व्यस्त हूं।

सीपीआई एम के समर्थक
हुजाईफा दशकों तक सीपीआई एम के कट्टर समर्थक थे, लेकिन लेफ्ट के धीरे-धीरे खत्म होने के बाद हुजाईफा जैसे लोग अब अब्बास सिद्दीकी की लोकप्रियता से प्रभावित हो रहे हैं, हाल ही में सिद्दीकी को लेकर बांग्लादेश की सीमा के पास रह रहे लोगों में विश्वास बढा है, जिसमें मुसलमान से लेकर दलित और आदिवासी भी शामिल हैं। हुजाईफा ने कहा भाईजान हमारा हाल-चाल पूछते रहते हैं, उन्होने हमें अच्छे नसीब के लिये ताबीज भी दिये, हम भाईजान के साथ हैं, ताकि हम इस दुनिया को छोड़ने के बाद जन्नत पा सकें, वो भारतीय धर्मनिरपेक्ष मोर्चा के बैनर तले चुनाव लड़ रहे हैं, और इस बार हम उनका समर्थन करने जा रहे हैं। उन्होने बताया कि मैंने सीपीआई एम को सालों तक वोट दिया, लेकिन मुसलमानों के कल्याण को लेकर कुछ नहीं किया, यही राजनीति अब टीएमसी कर रही है, बीजेपी अब सभी दलों से ज्यादा खतरनाक है, इसलिये हम अब्बास सिद्दीकी के अनुयायी बन गये हैं, हम उन पार्टियों को वोट देंगे, जिन्हें भाईजान का समर्थन प्राप्त होगा।

कौन है सिद्दीकी
पीरजादा सिद्दीकी बंगाल के हुगली जिले के फुरफुरा शरीफ दरगाह के प्रमुख हैं, बंगाल में वो बेहद लोकप्रिय हैं, एक बार सिद्दीकी ने कहा था कि वो असदुद्दीन ओवैसी के फैन हैं, बंगाल की राजनीति में एंट्री के लिये उनका ये रणनीतिक कदम था, उनका बयान सीएम ममता बनर्जी के लिये एक चिंता का विषय बन गया है, ममता दीदी मुसलमानों के समर्थन से 2011 में सत्ता में आई थी, ओवैसी के लिये सिद्दीकी की तारीफ ना सिर्फ बंगाल की राजनीतिक समीकरणों को बदल दिया, बल्कि ओवैसी को बंगाल में किस्मत आजमाने का मौका दे दिया। हालांकि सिद्दीकी ने अक बार फिर से यू-टर्न मार दिया, उनकी पार्टी इंडियन सेकुलर फ्रंट ने कांग्रेस वाम मोर्चा गठबंधन में शामिल होने का ऐलान कर दिया, ये पूछे जाने पर कि उन्होने ओवैसी को क्यों धोखा दिया, सिद्दीकी ने कहा हमने धोखा नहीं दिया, वो फुरफुरा शरीफ में मुझसे मिलने आये थे, इसके बाद वापस हैदराबाद चले गये, फिर उनसे कोई बातचीत नहीं हुई, उसके बाद किसी स्थानीय नेता ने मुझसे संपर्क नहीं किया, हमने लेफ्ट-कांग्रेस के साथ आगे बढने का फैसला लिया है।

Read Also – बंगाल चुनाव को लेकर प्रशांत किशोर की बड़ी भविष्यवाणी, इस सूरत में बन सकता है बीजेपी के लिये चांस!

Related Articles

- Advertisement -spot_img

Latest Articles